साल 2004 का एक दौर ऐसा भी था जब उनके पास कोई काम नहीं था। उनका जेब खाली हो चुका था। वो फ़िल्मों में काम तलाश करने के लिए धक्के खा रहे थे। तभी एक साथी के कहने पर वो बालाजी के दफ्तर गए।from Jagran Hindi News - entertainment:bollywood http://bit.ly/2GegC40
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