गालिब उधार की भी पीने से नहीं हिचकते थे। आलम ये था कि वो जो कर्ज लेते उसमें से अधिक की शराब ही खरीद लेते थे।from Jagran Hindi News - news:national http://bit.ly/2ERLHuu
गालिब उधार की भी पीने से नहीं हिचकते थे। आलम ये था कि वो जो कर्ज लेते उसमें से अधिक की शराब ही खरीद लेते थे।
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