हिंदू पंचांग के हिसाब से तीन वर्षों तक तिथियों का क्षय होता है, जिसके चलते हर तीसरे वर्ष एक माह बन जाता है जिसे अधिक मास या पुरूषोत्तम मास कहते हैं।from Jagran Hindi News - spiritual:religion https://ift.tt/2rLAhjq
हिंदू पंचांग के हिसाब से तीन वर्षों तक तिथियों का क्षय होता है, जिसके चलते हर तीसरे वर्ष एक माह बन जाता है जिसे अधिक मास या पुरूषोत्तम मास कहते हैं।
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